कर्णप्रयाग में बड़ा हादसा टला: पिंडर नदी किनारे आत्मघाती कदम उठाने जा रही महिला को चमोली पुलिस ने सुरक्षित बचाया
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कर्णप्रयाग, चमोली (उत्तराखंड) चमोली जनपद के कर्णप्रयाग क्षेत्र में 12 जून 2026 को एक बड़ी अनहोनी टल गई, जब पुलिस की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते एक महिला को पिंडर नदी में कूदने से सुरक्षित बचा लिया गया। यह घटना पुलिस की तकनीकी निगरानी, समय पर समन्वय और मानवीय संवेदनशीलता का एक महत्वपूर्ण उदाहरण बनकर सामने आई है।

जानकारी के अनुसार, चौकी प्रभारी ग्वालदम लक्ष्मण नेगी ने कोतवाली कर्णप्रयाग को सूचना दी कि थाना थराली क्षेत्र की एक महिला बिना किसी को बताए घर से चली गई थी। परिजनों ने उसकी गुमशुदगी की सूचना थाने में दर्ज कराई थी। इसी बीच एक गंभीर संकेत सामने आया जब घर में मौजूद एक मोबाइल फोन में, जिसमें महिला का व्हाट्सएप लॉगिन था, ऐसे संदेश प्राप्त हुए जिनमें महिला द्वारा नदी में कूदकर आत्मघाती कदम उठाने की आशंका जताई गई थी।

मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई शुरू की गई। प्रभारी निरीक्षक कर्णप्रयाग विनोद थपलियाल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तकनीकी संसाधनों का उपयोग करते हुए महिला की लोकेशन ट्रेस करना शुरू किया। इस कार्य में एसओजी प्रभारी उपनिरीक्षक सतेन्द्र बुटोला की मदद से लगातार मोबाइल ट्रैकिंग की गई, जबकि दूसरी ओर पुलिस टीमों को संभावित क्षेत्रों में सघन तलाशी अभियान और वाहनों की चेकिंग के लिए तैनात किया गया।

काफी प्रयासों के बाद महिला की लोकेशन सिमली क्षेत्र के पड़ूली गांव के नीचे पिंडर नदी किनारे पाई गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची, जहां महिला नदी किनारे अकेली, रोती हुई और गहरे मानसिक तनाव की स्थिति में खड़ी मिली। स्थिति अत्यंत संवेदनशील थी और किसी भी समय कोई अप्रिय घटना होने की आशंका बनी हुई थी।

ऐसे नाजुक हालात में पुलिस कर्मियों ने धैर्य और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए महिला से बातचीत शुरू की। उसे शांत करने का प्रयास किया गया और लगातार समझाया गया कि उसकी समस्याओं का समाधान संभव है। पुलिस ने न केवल तकनीकी स्तर पर काम किया बल्कि मानवीय दृष्टिकोण से भी स्थिति को संभाला, जिससे महिला धीरे-धीरे शांत हुई।

लंबे संवाद और भरोसा दिलाने के बाद महिला को सुरक्षित नदी किनारे से हटाकर पुलिस अभिरक्षा में लिया गया और कोतवाली कर्णप्रयाग लाया गया। यहां उसकी प्रारंभिक काउंसलिंग भी की गई, जिसके बाद आगे की कार्रवाई के लिए उसे थाना थराली पुलिस और परिजनों के सुपुर्द करने की प्रक्रिया शुरू की गई।

इस पूरी घटना में Uttarakhand Police की तत्परता और संवेदनशीलता की सराहना की जा रही है। समय पर की गई कार्रवाई से एक संभावित गंभीर हादसा टल गया और एक जीवन सुरक्षित बचाया जा सका। स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की इस त्वरित और मानवीय कार्रवाई की प्रशंसा की है।