Spread the loveदेहरादून । हिमालयवाणी । 1. देहरादून और बागेश्वर में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, प्रशासन अलर्ट मोड पर उत्तराखंड में मानसून का असर लगातार बना हुआ है। मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून (IMD) ने देहरादून के पर्वतीय क्षेत्रों और बागेश्वर जिले के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटों के दौरान कई इलाकों में तेज बारिश, बिजली चमकने और तेज हवाएं चलने की संभावना है। जिला प्रशासन ने आपदा प्रबंधन, पुलिस, एसडीआरएफ और अन्य विभागों को हाई अलर्ट पर रखा है। संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है तथा लोगों से नदी-नालों, भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की गई है। चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं से भी मौसम की जानकारी लेकर ही यात्रा करने को कहा गया है। 2. चमोली में भूस्खलन से मची तबाही, करीब 1000 चारधाम यात्री रास्ते में फंसे लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण चमोली जिले में कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है। चमोली बाजार में भारी मात्रा में मलबा घुसने से लोगों में अफरा-तफरी मच गई। वहीं बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग सहित कई प्रमुख मार्गों पर पहाड़ी से मलबा और बोल्डर गिरने के कारण यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क बंद होने से लगभग 1000 चारधाम यात्री अलग-अलग स्थानों पर फंस गए हैं। प्रशासन ने यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर ठहराने की व्यवस्था की है तथा भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। सीमा सड़क संगठन (BRO), लोक निर्माण विभाग और जिला प्रशासन जेसीबी मशीनों की मदद से सड़कों से मलबा हटाने का कार्य लगातार कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि मौसम अनुकूल होते ही मार्ग बहाल करने का प्रयास किया जाएगा। 3. उत्तरकाशी में गंगोत्री हाईवे का 100 मीटर हिस्सा धंसा, आवाजाही पूरी तरह बंद उत्तरकाशी जिले में लगातार बारिश के चलते पापड़गाड़ के पास गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग का लगभग 100 मीटर हिस्सा धंस गया है। सड़क धंसने के कारण हाईवे पर यातायात पूरी तरह रोक दिया गया है। कई वाहन दोनों ओर फंसे हुए हैं और यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा जा रहा है। प्रशासन के अनुसार सड़क का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त होने के कारण मार्ग को सामान्य होने में समय लग सकता है। सीमा सड़क संगठन और संबंधित विभाग मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन कर रहे हैं। फिलहाल वैकल्पिक व्यवस्था पर भी विचार किया जा रहा है ताकि आवश्यक सेवाएं प्रभावित न हों। 4. यमुनोत्री हाईवे पर कई जगह गिरे बोल्डर, यात्रा प्रभावित यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर लगातार बारिश के कारण कई स्थानों पर भूस्खलन हुआ है। सड़क पर बड़े-बड़े पत्थर और मलबा आने से हाईवे पूरी तरह बंद हो गया है। इससे यमुनोत्री धाम जाने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई है। प्रशासन और सड़क निर्माण एजेंसियां जेसीबी मशीनों से मलबा हटाने का काम कर रही हैं, लेकिन लगातार बारिश के कारण राहत कार्यों में बाधा आ रही है। अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि मार्ग खुलने तक सुरक्षित स्थानों पर ही रुकें और बिना जरूरी कारण यात्रा न करें। 5. अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों का जलस्तर बढ़ा, नदी किनारे रहने वालों को चेतावनी रुद्रप्रयाग और चमोली जिलों में लगातार बारिश के कारण अलकनंदा और मंदाकिनी नदियां उफान पर हैं। जलस्तर तेजी से बढ़ने के बाद प्रशासन ने नदी किनारे बसे गांवों और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। आपदा प्रबंधन विभाग लगातार जलस्तर की निगरानी कर रहा है। संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस, एसडीआरएफ और अन्य बचाव दलों को तैनात किया गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके। प्रशासन ने लोगों से नदी किनारे जाने, फोटो या वीडियो बनाने तथा जोखिम भरे क्षेत्रों में जाने से बचने की अपील की है। प्रशासन की अपील प्रदेश में लगातार खराब मौसम को देखते हुए लोगों से मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनियों का पालन करने, अनावश्यक यात्रा से बचने और किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन, पुलिस या आपदा नियंत्रण कक्ष से तुरंत संपर्क करने की अपील की गई है। Post Views: 8 Post navigation चमोली में भारी बारिश से हाहाकार: बदरीनाथ हाईवे कई जगह बंद, 1000 से अधिक चारधाम यात्री फंसे; BRO और प्रशासन युद्धस्तर पर राहत कार्य में जुटे उत्तराखंड में बारिश का कहर: 12 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, 99 से अधिक सड़कें बंद, देहरादून में स्कूलों की छुट्टी