Spread the loveदेहरादून। उत्तराखंड की एकमात्र रिक्त हो रही राज्यसभा सीट के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रत्याशी दिनेश आर्य ने मंगलवार, 6 अक्टूबर 2026 को देहरादून स्थित विधानसभा परिसर में अपना नामांकन दाखिल कर दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी समेत भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और विधायक मौजूद रहे। दिनेश आर्य को भाजपा ने उत्तराखंड से राज्यसभा के लिए अपना उम्मीदवार बनाया है। वह वर्तमान में उत्तराखंड सरकार में राज्य स्तरीय पेयजल अनुश्रवण परिषद के उपाध्यक्ष के पद पर हैं और उन्हें राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त है। कुमाऊं और SC समाज का प्रतिनिधित्व भाजपा के इस फैसले को उत्तराखंड में क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। दिनेश आर्य कुमाऊं क्षेत्र से आते हैं और अनुसूचित जाति (SC) समाज से जुड़े नेता हैं। वर्तमान में उत्तराखंड की अन्य राज्यसभा सीटों पर गढ़वाल क्षेत्र का प्रतिनिधित्व होने के कारण भाजपा के इस चयन को कुमाऊं को प्रतिनिधित्व देने की रणनीति के तौर पर भी देखा जा रहा है। 47 विधायकों के समर्थन से मजबूत स्थिति 70 सदस्यीय उत्तराखंड विधानसभा में भाजपा के पास 47 विधायक हैं। ऐसे में राज्यसभा चुनाव में दिनेश आर्य की स्थिति मजबूत मानी जा रही है। यदि मुकाबले में कोई अन्य प्रत्याशी नहीं उतरता है तो नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उनके निर्विरोध चुने जाने की स्थिति भी बन सकती है। 16 अक्टूबर को मतदान और मतगणना निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार नामांकन पत्रों की जांच 7 अक्टूबर को होगी, जबकि नाम वापसी की अंतिम तारीख 9 अक्टूबर 2026 निर्धारित है। जरूरत पड़ने पर 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा और उसी दिन शाम 5 बजे से मतगणना की जाएगी। दिनेश आर्य निर्वाचित होते हैं तो वह राज्यसभा में निवर्तमान सांसद नरेश बंसल का स्थान लेंगे। बंसल का कार्यकाल 25 नवंबर 2026 को समाप्त हो रहा है। नए सदस्य का कार्यकाल छह वर्ष का होगा और वर्ष 2032 तक रहेगा। रिपोर्ट: अजय सेमल्टी / HIMALAYAVANI Post Views: 3 Post navigation उत्तराखंड में बदला मौसम, पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और बर्फबारी का खतरा SIR पर उत्तराखंड में सियासत तेज, कांग्रेस ने लगाया 13.89 लाख वोटरों के नाम काटने का आरोप