Spread the loveनई दिल्ली | भारत | 10 फरवरी 2026 | दैनिक प्रभातवाणी देश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से तैयार होने वाले वीडियो और डिजिटल कंटेंट को लेकर नई आईटी नियमावली (2026) लागू की गई है। इस कदम का उद्देश्य AI‑जनित फेक कंटेंट और डीपफेक वीडियो के तेजी से फैलाव को रोकना और डिजिटल सुरक्षा को मजबूत करना है। नए नियमों के अनुसार, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और डिजिटल कंपनियों को अब AI‑जनित सामग्री पर स्पष्ट लेबल लगाना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, यदि कोई सामग्री डीपफेक पाई जाती है, तो उसे तीन घंटे के भीतर हटाना जरूरी होगा। यह प्रावधान गलत सूचना फैलने से पहले उसे रोकने के लिए बनाया गया है। सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने बताया कि यह कदम तकनीक के सही और जिम्मेदार उपयोग को बढ़ावा देने के साथ-साथ आम जनता को भ्रमित करने वाले कंटेंट से बचाने के लिए महत्वपूर्ण है। विशेषज्ञों का कहना है कि AI‑जनरेटेड सामग्री अब तेजी से वायरल हो रही है, जिससे राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक स्तर पर भ्रम फैलने की संभावना बढ़ गई है। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वाली कंपनियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके तहत जुर्माना, कंटेंट ब्लॉक या अन्य कानूनी कदम उठाए जा सकते हैं। यह पहल डिजिटल पारदर्शिता और सुरक्षा के लिए एक अहम मील का पत्थर मानी जा रही है। Post Views: 22 Post navigation Aprilia RS 457 नई बाइक भारत में लॉन्च, युवा राइडर्स के लिए स्पोर्टी अपग्रेड Oppo K14x 5G: 6500mAh बैटरी और 5G परफॉर्मेंस के साथ नया स्मार्टफोन