Spread the loveदेहरादून, हिमालयवाणी । उत्तराखंड में मानसून का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। पिछले कई दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश के कारण राज्य के अधिकांश हिस्सों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हो गया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने बुधवार को देहरादून और बागेश्वर समेत राज्य के 12 जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कई स्थानों पर तेज वर्षा, आकाशीय बिजली, तेज हवाएं और भूस्खलन की घटनाएं हो सकती हैं। ऐसे में लोगों को विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। प्रदेशभर में बिगड़े हालात लगातार हो रही बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और चट्टानें गिरने की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। कई स्थानों पर पहाड़ियों से मलबा सड़क पर आने के कारण परिवहन व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई है। राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार प्रदेश में 99 से अधिक मुख्य, राज्य मार्ग और संपर्क सड़कें बंद हैं। सीमा सड़क संगठन (BRO), लोक निर्माण विभाग (PWD) और अन्य एजेंसियां मशीनों की मदद से मलबा हटाने का कार्य कर रही हैं, लेकिन लगातार हो रही बारिश राहत कार्यों में बाधा बन रही है। देहरादून में स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियातन देहरादून जिले के सभी सरकारी, गैर-सरकारी विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में एक दिन का अवकाश घोषित किया है। प्रशासन का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही सभी विद्यालयों को मौसम संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। चारधाम यात्रा पर भी असर लगातार बारिश और भूस्खलन के कारण चारधाम यात्रा मार्गों पर भी कई स्थानों पर यातायात प्रभावित हुआ है। प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा पर निकलने से पहले मौसम और सड़क की ताज़ा जानकारी अवश्य प्राप्त करें। संवेदनशील मार्गों पर पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। नदी-नाले उफान पर, खतरा बढ़ा भारी वर्षा के कारण कई नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने तथा जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी है। पहाड़ी ढलानों के पास रहने वाले लोगों को भी विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं क्योंकि लगातार बारिश से भूस्खलन का खतरा बढ़ गया है। आपदा प्रबंधन की टीमें अलर्ट मोड पर राज्य आपदा प्रबंधन विभाग (SDMA), SDRF, NDRF, पुलिस, फायर सर्विस और जिला प्रशासन की टीमें पूरी तरह अलर्ट पर हैं। संवेदनशील स्थानों पर राहत एवं बचाव दलों की तैनाती की गई है। आपात स्थिति से निपटने के लिए कंट्रोल रूम 24 घंटे सक्रिय हैं और जेसीबी मशीनों के साथ सड़कों को खोलने का कार्य लगातार जारी है। शहरों में जलभराव से बढ़ी परेशानी देहरादून, ऋषिकेश और अन्य शहरी क्षेत्रों में भारी बारिश के कारण कई कॉलोनियों, बाजारों और निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इससे लोगों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर नालियों के ओवरफ्लो होने से सड़कें जलमग्न हो गई हैं, जिससे स्थानीय लोगों ने जल निकासी व्यवस्था में सुधार की मांग की है। प्रशासन की महत्वपूर्ण अपील प्रशासन ने नागरिकों और पर्यटकों से अपील की है कि मौसम सामान्य होने तक अनावश्यक यात्रा से बचें। नदी-नालों के पास जाने से परहेज करें, पहाड़ी ढलानों के नीचे वाहन खड़े न करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन, पुलिस या आपदा नियंत्रण कक्ष से संपर्क करें। मौसम विभाग की चेतावनियों और प्रशासन की सलाह का पालन करने की भी अपील की गई है। आगे कैसा रहेगा मौसम? मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 से 48 घंटों तक राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी रह सकता है। विशेषकर पर्वतीय जिलों में भूस्खलन, सड़क अवरोध और जलभराव की घटनाओं में वृद्धि की आशंका बनी हुई है। ऐसे में प्रशासन ने सभी जिलों को सतर्क रहने और आवश्यक संसाधनों को तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। हिमालयवाणी की अपील: मौसम से जुड़े हर अपडेट, सड़कों की स्थिति, चारधाम यात्रा और उत्तराखंड की ताज़ा खबरों के लिए हिमालयवाणी के साथ जुड़े रहें। Post Views: 9 Post navigation मौसम और चारधाम यात्रा पर बारिश की मार, कई हाईवे बंद, 1000 यात्री फंसे Uttarakhand Breaking: खुद Chief Election Officer और नेता प्रतिपक्ष को मिला ‘SIR’ Notice, उत्तराखंड वोटर लिस्ट नोटिस पर सियासी बवाल