Spread the loveदेहरादून। संयुक्त मोर्चा आउटसोर्स कर्मचारी संघ उत्तराखंड के आह्वान पर सोमवार को विभिन्न विभागों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर सचिवालय कूच किया। बड़ी संख्या में कर्मचारी प्रदर्शन में शामिल हुए और सरकार के सामने अपनी मांगें रखीं। कर्मचारियों ने आउटसोर्स व्यवस्था समाप्त करने, समान काम के लिए समान वेतन लागू करने और मानदेय में बढ़ोतरी की मांग उठाई। संयुक्त मोर्चा के बैनर तले विभिन्न विभागों के कर्मचारी सचिवालय कूच के लिए सड़कों पर उतरे। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने कहा कि वे लंबे समय से विभिन्न विभागों में सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन उन्हें उनकी जिम्मेदारियों के अनुरूप वेतन और सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। कर्मचारियों का कहना है कि समान प्रकृति का काम करने के बावजूद आउटसोर्स कर्मचारियों को समान वेतन का लाभ नहीं मिल रहा है। संयुक्त मोर्चा आउटसोर्स कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि आउटसोर्स व्यवस्था को समाप्त कर कर्मचारियों को समान काम के लिए समान वेतन दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कई आउटसोर्स कर्मचारियों को करीब 8 से 15 हजार रुपये तक मानदेय मिल रहा है, जिससे मौजूदा महंगाई के दौर में परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो रहा है। प्रदेश अध्यक्ष ने सरकार की वेतन और सुविधाओं से संबंधित नीतियों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि एक ओर जनप्रतिनिधियों के वेतन-भत्तों में बढ़ोतरी होती है, जबकि आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय में बढ़ोतरी की मांग पर वित्तीय भार का हवाला दिया जाता है। कर्मचारियों ने सरकार से मांग की कि उनकी समस्याओं और मांगों पर गंभीरता से विचार करते हुए आउटसोर्स व्यवस्था समाप्त करने, समान काम के लिए समान वेतन देने तथा मानदेय में सम्मानजनक बढ़ोतरी को लेकर जल्द निर्णय लिया जाए। रिपोर्ट: अजय सेमल्टी / HIMALAVANI Post Views: 73 Post navigation तुंगनाथ ट्रेक पर खाई में गिरी महिला यात्री की मौत, सोमवार सुबह बरामद हुआ शव सरकारी नौकरियों में SC-ST-OBC आरक्षण को लेकर हाईकोर्ट पहुंचा मामला, सरकार से मांगा जवाब