Spread the loveहरिद्वार। निठारी कांड के मामलों में बरी हो चुके सुरेंद्र कोली की हरिद्वार में हुई मौत को लेकर पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आ गई है। रिपोर्ट में उसकी मौत का कारण फांसी लगाने के बाद दम घुटना (Asphyxia due to hanging) बताया गया है। चिकित्सकों के पैनल ने पोस्टमार्टम के बाद यह प्रारंभिक चिकित्सीय निष्कर्ष दर्ज किया है। सुरेंद्र कोली का शव 18 सितंबर को हरिद्वार के भूपतवाला क्षेत्र में स्थित उसकी चाय की दुकान में मिला था। शव मिलने के बाद उसके भाई चंदन कोली और करीबी नारायण सिंह रावत ने मौत की परिस्थितियों पर सवाल उठाते हुए हत्या की आशंका जताई थी। परिजनों और करीबियों ने पुलिस से मामले की विस्तृत जांच की मांग की थी। मामले की जांच कर रही पुलिस ने घटनास्थल के साथ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली। पुलिस के अनुसार, संबंधित समयावधि में दुकान के आसपास किसी संदिग्ध व्यक्ति की आवाजाही सामने नहीं आई। पुलिस और फॉरेंसिक विशेषज्ञों की शुरुआती जांच में भी अब तक ऐसे साक्ष्य नहीं मिले हैं, जो किसी दूसरे व्यक्ति की मौजूदगी या हत्या की ओर सीधे इशारा करते हों। पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आने के बाद पुलिस की जांच में आत्महत्या का पहलू प्रमुख हुआ है। हालांकि पुलिस ने मामले से जुड़े अन्य तथ्यों और परिस्थितियों की जांच जारी रखी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का चिकित्सीय कारण बताया गया है, जबकि मौत की पूरी परिस्थितियों को लेकर पुलिस की जांच के सभी पहलुओं को देखना अभी बाकी है। गौरतलब है कि सुरेंद्र कोली निठारी मामले से जुड़े मुकदमों में नवंबर 2025 में सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद हरिद्वार में रह रहा था। उसने यहां ‘सदाराम’ नाम से पहचान बनाकर कुछ समय पहले ही चाय की दुकान शुरू की थी। अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस के सामने मुख्य सवाल यह है कि सुरेंद्र कोली की मौत किन परिस्थितियों में हुई और क्या घटनास्थल से मिले सभी साक्ष्य पोस्टमार्टम रिपोर्ट के निष्कर्षों से मेल खाते हैं। पुलिस की विस्तृत जांच और उपलब्ध अन्य साक्ष्यों से ही मामले की अंतिम तस्वीर स्पष्ट होगी। रिपोर्ट: अजय सेमल्टी / HIMALAYAVANI Post Views: 7 Post navigation देहरादून में MDMA तस्करी का खुलासा, छह आरोपी गिरफ्तार; कॉलेज छात्रों को बेचने का आरोप नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में नामजद युवक गिरफ्तार, कोटद्वार पुलिस की कार्रवाई