Spread the loveहरिद्वार। हरिद्वार रेलवे स्टेशन के सामने स्थित होटल अशोका में मंगलवार को राज्य कर विभाग की टीम ने कार्रवाई की। जीएसटी विभाग की टीम ने होटल पहुंचकर करीब तीन घंटे तक दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच की। कार्रवाई के दौरान होटल से जुड़े कई दस्तावेज और रिकॉर्ड अधिकारियों ने अपने कब्जे में लिए हैं। जानकारी के मुताबिक, राज्य कर विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा, सचल दल और ऑडिट इकाई के करीब 10 अधिकारी कार्रवाई में शामिल रहे। विभाग के अनुसार जांच में होटल के निर्माण कार्य से संबंधित इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) को होटल के कमरों के किराये से संबंधित ITC के रूप में दर्शाए जाने का मामला सामने आया। विभाग के मुताबिक करीब 20 लाख रुपये की ITC से संबंधित राशि जमा कराई गई है। राज्य कर विभाग के अधिकारियों के अनुसार होटल संचालक अशोक शर्मा ने संबंधित राशि जमा कराई। हालांकि, इस कार्रवाई के बाद मामले से जुड़े दस्तावेजों और डिजिटल रिकॉर्ड की विस्तृत जांच अभी की जानी है। विभाग ने संकेत दिया है कि रिकॉर्ड के सत्यापन के बाद ही आगे की कार्रवाई के संबंध में निर्णय लिया जाएगा। कार्रवाई मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे शुरू हुई। इसके बाद होटल के आसपास कांग्रेस नेताओं और समर्थकों की मौजूदगी भी देखी गई। करीब तीन घंटे तक चली जांच के बाद जीएसटी टीम होटल से रवाना हुई और अपने साथ कुछ रिकॉर्ड लेकर गई। कार्रवाई के दौरान अशोक शर्मा ने इसे राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़ते हुए सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने टैक्स चोरी से इनकार किया और कहा कि वह लगातार सरकार के खिलाफ स्थानीय मुद्दों को लेकर आवाज उठा रहे हैं। यह उनका पक्ष है, जबकि विभाग की ओर से रिकॉर्ड की जांच और सत्यापन की प्रक्रिया आगे जारी रहने की बात कही गई है। होटल पूर्व मेयर अनीता शर्मा से जुड़ा बताया जा रहा है। कार्रवाई के कारण हरिद्वार के राजनीतिक और कारोबारी हलकों में चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के आधार पर अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि अंतिम रूप से कितनी कर देनदारी बनती है या विभाग आगे कौन-सी कार्रवाई करेगा। रिपोर्ट: अजय सेमल्टी / HIMALAYAVANI Post Views: 10 Post navigation चीरबासा में Landslide से केदारनाथ यात्रा प्रभावित, 1500 श्रद्धालुओं का Rescue Rishikesh Rafting पर रोक, बढ़ते Ganga Water Level से प्रशासन Alert