Spread the loveडोईवाला। झबरावाला गांव में शुक्रवार रात जंगली हाथी के हमले से एक ग्रामीण की जान चली गई। हादसे के बाद से गांव और आसपास के इलाकों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों में वन विभाग के खिलाफ भी नाराजगी देखने को मिल रही है। जानकारी के मुताबिक, झबरावाला निवासी 55 वर्षीय जमील पुत्र असगर शुक्रवार रात अपने साथी के साथ स्कूटी से घर लौट रहे थे। दोनों गांव के पास खेतों की ओर से गुजर रहे थे। इसी दौरान अचानक सामने जंगली हाथी आ गया। हाथी को देखकर दोनों घबरा गए और वहां से निकलने की कोशिश करने लगे। इसी दौरान हाथी ने जमील को अपनी चपेट में ले लिया। हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास के लोगों और साथी की मदद से उन्हें उपचार के लिए हिमालयन अस्पताल जौलीग्रांट ले जाया गया। अस्पताल में इलाज के दौरान जमील की मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया। सुबह ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर पहुंचे और वन विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर नाराजगी जताई। ग्रामीणों का कहना है कि झबरावाला और आसपास के खेतों में हाथियों की आवाजाही पहले भी बनी रहती है। शाम और रात के समय खेतों से होकर आने-जाने वाले लोगों को हमेशा जंगली हाथियों का डर बना रहता है। ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और हाथियों की लगातार हो रही आवाजाही पर रोक लगाने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है। उनका कहना है कि केवल घटना के बाद मौके पर पहुंचने से समस्या का समाधान नहीं होगा। हाथियों की आवाजाही वाले रास्तों को चिन्हित कर वहां सुरक्षा के इंतजाम किए जाने चाहिए। ग्रामीणों के मुताबिक, खेती के काम से जुड़े लोगों को भी देर शाम खेतों से लौटना पड़ता है। ऐसे में हाथियों की मौजूदगी उनके लिए लगातार खतरा बनी हुई है। जमील की मौत की खबर के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। वहीं गांव में भी घटना को लेकर लोग चिंतित हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से मांग की है कि भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न हो, इसके लिए इलाके में नियमित निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था की जाए। Post Views: 9 Post navigation Doiwala Police Action: तमंचे पर स्कूटी लूटने वाले 2 गिरफ्तार डोईवाला-ऋषिकेश में MDDA का बड़ा एक्शन, 25 बीघा अवैध प्लॉटिंग ध्वस्त, 3 निर्माण सील